अगर आप भी नौकरीपेशा हैं और आपका भी ईपीएफ खाता है तो आपके लिए ये काम की खबर है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी पीएफ को चेक करना और उसके कॉन्ट्रीब्यूशन से ज्यादातर लोग वाकिफ रहते हैं। इतना ही नहीं आजकल पीएफ पासबुक को ईपीएफओ की वेबसाइट से एक्सेस करना भी काफी आसान हो गया है। लेकिन क्या कभी आपने अपने पीएफ अकाउंट नंबर पर गौर किया है। या कभी ये सोचा है कि पीएफ अकाउंट नंबर में डिजिट्स के साथ इंग्लिश अल्फाबेट्स क्यों होते हैं? शायद नहीं सोचा होगा या आपमें से बहुत कम लोग ही होंगे जिन्होंने इसपर गौर किया होगा। अगर आपने भी कभी अपने पीएफ अकाउंट के नंबर पर गौर नहीं किया है तो हम आपको आज बताने जा रहे हैं कि इसमें कुछ खास जानकारियां छुपी होती हैं, जिसे डिकोड करके आप इसका राज जान सकते हैं। आईये जानते हैं इसे डिकोड करने का तरीका…
डिकोड करने से पहले आपको पीएफ अकाउंट नंबर के बारे में जानना होगा। दरअसल, पीएफ अकाउंट नंबर को अल्फान्यूमैरिक नंबर कहते हैं, क्योंकि इसमें इंग्लिश के अल्फाबेट और डिजिट्स दोनों होते हैं और दोनों का ही कुछ खास मतलब होता है। इस नंबर में राज्य, रीजनल ऑफिस, इस्टेबिलिशमेंट और पीएफ मेंबर कोड की जानकारी होती है।
आईये उदाहरण से समझते हैं अल्फान्यूमैरिक क्या होता है…
UP – उत्तर प्रदेश राज्य को कोड करता है।
YXZ- ये आपकी कंपनी को कोड करता है।
1234567- ये डिजिट कंपनी की एस्टेबिलिशमेंट आईडी है।
XX1 – ये अगले तीन डिजिट एस्टेबिलिशमेंट एक्सटेंशन आईडी होंगे। वहीं अगर ये डिजिट 000 हैं तो मतलब एक्सटेंशन नहीं मिला है।
7654321 अगले 7 डिजिट मेंबर या इंप्लॉई आईडी हैं।
ईपीएफओ के हर सदस्य का यूनिवर्सल अकाउंट नंबर यानी UAN होता है। सबसे बड़ी बात ये है कि हर कर्मचारी का अलग-अलग होता है। वहीं कर्मचारी के कंपनी बदलने पर अलग-अलग PF अकाउंट हो जाते हैं, लेकिन यूएएन अकाउंट एक ही होता है।
