videsh

अफगानिस्तान : लड़कियों की शिक्षा पर महिला मंत्रियों ने बनाया दबाव, चीन में आया भूकंप, पढ़ें दुनिया की खास खबरें

दुनियाभर के 16 देशों की महिला विदेश मंत्रियों ने कहा है कि वे अफगानिस्तान की लड़कियों को माध्यमिक विद्यालयों में पढ़ने की अनुमति न देने से ‘बहुत निराश हैं’। उन्होंने तालिबान से अपने इस फैसले को पलटने की अपील की। दुनिया के 10 देशों के राजनयिकों ने भी संयुक्त राष्ट्र में इसी प्रकार का संदेश दिया।

अल्बानिया, अंडोरा, ऑस्ट्रेलिया, बेल्जियम, बोस्निया, कनाडा, एस्टोनिया, जर्मनी, आइसलैंड, कोसोवो, मालावी, मंगोलिया, न्यूजीलैंड, स्वीडन, टोंगो और ब्रिटेन की विदेश मंत्रियों ने कहा, महिला और विदेश मंत्री होने के नाते हम इस बात से निराश और चिंतित हैं कि इस वसंत से अफगानिस्तान में लड़कियों को माध्यमिक स्कूलों तक पहुंच देने से इनकार किया गया है। 

विदेश मंत्रियों ने कहा कि यह फैसला खासतौर पर परेशान करने वाला है क्योंकि हम सभी बच्चों के लिए सभी स्कूल खोलने की प्रतिबद्धता के बारे में बार-बार सुन रहे थे। उन्होंने कहा, हम तालिबान से हाल में लिया गया फैसला पलटने और देश के सभी प्रांतों में हर स्तर पर शिक्षा में समान अवसर देने की अपील करते हैं।

चीन के किंघई प्रांत में 6.0 तीव्रता का भूकंप
चीन के किंघई प्रांत में शनिवार को 6.0 तीव्रता के तेज भूकंप के झटके महसूस किए गए। इसमें किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। भूकंप का केंद्र 4,410 मीटर की ऊंचाई पर एक कम आबादी वाला क्षेत्र था। डेलिंगा के आपातकालीन प्रबंधन ब्यूरो के अनुसार, भूकंप के केंद्र के 20 किलोमीटर के भीतर कोई गांव नहीं है। भूकंप के झटके डेलिंगा, जिउक्वान, जियायुगुआन और झांग्झू शहरों के निवासियों ने भी महसूस किए। यह भूकंप किंघई प्रांत के डेलिंगा शहर में आज तड़के 12 बजकर 21 मिनट पर आया। इससे पहले प्रांत में जनवरी में 6.9 की तीव्रता का भूकंप आया था।

अमेरिका में दूसरी समलैंगिक न्यायाधीश बनीं एंडी म्यूड्रिक
अमेरिका के कैलिफॉर्निया के गवर्नर गैविन न्यूसम ने एक दिव्यांगता अधिकार अधिवक्ता एंडी म्यूड्रिक को न्यायाधीश नियुक्त किया है। वह न्यायाधीश बनने वाली समलैंगिक समुदाय की दूसरी शख्स होंगी। पुनर्वास विभाग की मुख्य उप निदेशक एंडी म्यूड्रिक (58) सैक्रेमैंटो काउंटी सुपीरियर अदालत में अपनी सेवाएं देंगी। 

इससे पहले 2010 में एलमेडा सुपीरियर कोर्ट की न्यायाधीश विक्टोरिया कोलाकोस्की पहली समलैंगिक न्यायाधीश बनी थीं। उन्होंने दिव्यांगों के अधिकारों को लेकर कई अभियान चलाए और मुकदमे भी लड़े।

Source link

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Most Popular

To Top
%d bloggers like this: